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Jai Singla द्वारा लिखितस्टाफ संपादकPratik Bhuyan द्वारा समीक्षितस्टाफ संपादक

FIFA विश्व कप ने बढ़ाई प्रेडिक्शन मार्केट की रफ्तार, जून में रिकॉर्ड कारोबार

ताजा खबरेंप्रकाशित5 जुल॰ 2026

FIFA विश्व कप 2026 की वजह से प्रेडिक्शन मार्केट में जून के दौरान रिकॉर्ड कारोबार दर्ज किया गया। जानिए Polymarket, Kalshi और क्रिप्टो बाजार पर इसका क्या असर पड़ा।

FIFA विश्व कप 2026 ने केवल फुटबॉल प्रेमियों का ही नहीं, बल्कि क्रिप्टो आधारित प्रेडिक्शन मार्केट का भी उत्साह बढ़ा दिया है। जून महीने में इन मंचों पर रिकॉर्ड कारोबार दर्ज किया गया। बाजार से जुड़े आंकड़ों के अनुसार, विश्व कप शुरू होने के बाद करोड़ों डॉलर के नए दांव लगे और बड़ी संख्या में नए उपयोगकर्ता भी इन मंचों से जुड़े।

विशेषज्ञों का कहना है कि इस बार 48 टीमों वाले विस्तारित विश्व कप प्रारूप ने मुकाबलों की संख्या बढ़ा दी है। पहले जहां 64 मैच खेले जाते थे, वहीं इस बार 104 मैच हो रहे हैं। अधिक मैचों का मतलब है अधिक संभावित परिणाम और अधिक प्रेडिक्शन कॉन्ट्रैक्ट, जिससे कारोबार में तेज उछाल देखने को मिला।

क्रिप्टो आधारित प्रेडिक्शन प्लेटफॉर्म Polymarket और अमेरिकी विनियमित मंच Kalshi इस बढ़ती गतिविधि के सबसे बड़े लाभार्थियों में शामिल रहे। कई विश्लेषकों का मानना है कि खेल प्रतियोगिताओं ने इन प्लेटफॉर्म की लोकप्रियता को नई ऊंचाई पर पहुंचा दिया है।

विश्व कप ने कैसे बढ़ाया कारोबार?

रिपोर्ट के अनुसार, विश्व कप शुरू होने के बाद उपयोगकर्ताओं ने विजेता टीम, खिलाड़ियों के प्रदर्शन, गोलों की संख्या और नॉकआउट मुकाबलों से जुड़े हजारों प्रेडिक्शन कॉन्ट्रैक्ट में भाग लिया।

Kalshi ने जून में लगभग 9.4 अरब डॉलर का मासिक कारोबार दर्ज किया, जो अब तक का उसका सबसे बड़ा आंकड़ा माना जा रहा है। दूसरी ओर Polymarket पर भी कारोबार में तेज बढ़ोतरी हुई और बड़ी संख्या में नए उपयोगकर्ताओं ने पहली बार ब्लॉकचेन आधारित प्रेडिक्शन मार्केट का इस्तेमाल किया।

बाजार विशेषज्ञों का कहना है कि खेल प्रतियोगिताएं हमेशा से प्रेडिक्शन मार्केट के लिए आकर्षण का केंद्र रही हैं, लेकिन इस बार विश्व कप का आकार पहले से कहीं बड़ा होने के कारण कारोबार भी रिकॉर्ड स्तर तक पहुंच गया।

क्रिप्टो बाजार को कैसे मिला फायदा?

विश्लेषकों के अनुसार, प्रेडिक्शन मार्केट में बढ़ती गतिविधि का असर केवल इन प्लेटफॉर्म तक सीमित नहीं है। Polymarket जैसे मंच ब्लॉकचेन तकनीक और स्टेबलकॉइन पर आधारित हैं। ऐसे में इनका उपयोग बढ़ने से ब्लॉकचेन नेटवर्क पर लेनदेन भी बढ़ता है।

रिपोर्ट के मुताबिक, विश्व कप के दौरान Polymarket से जुड़ने वाले करीब 60 प्रतिशत उपयोगकर्ता पहली बार किसी ब्लॉकचेन आधारित सेवा का इस्तेमाल कर रहे थे। इससे यह संकेत मिलता है कि खेल आयोजनों के जरिए नए लोग भी क्रिप्टो पारिस्थितिकी तंत्र से जुड़ रहे हैं।

कुछ विशेषज्ञ इसे डिजिटल परिसंपत्तियों के लिए सकारात्मक संकेत मानते हैं। उनका कहना है कि यदि उपयोगकर्ता प्रेडिक्शन मार्केट के जरिए ब्लॉकचेन तकनीक को अपनाते हैं, तो भविष्य में वे अन्य डिजिटल वित्तीय सेवाओं का भी उपयोग कर सकते हैं।

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बढ़ती लोकप्रियता के साथ बढ़ी नियामकीय चिंता

जहां कारोबार में तेजी आई है, वहीं नियामकों की चिंता भी बढ़ी है। कई देशों में प्रेडिक्शन मार्केट को लेकर पहले से ही नियम सख्त हैं। कुछ सरकारें इन्हें सट्टेबाजी के समान मानती हैं, जबकि कुछ इन्हें वित्तीय उत्पाद के रूप में देखती हैं।

विशेषज्ञों का कहना है कि कारोबार बढ़ने के साथ इन प्लेटफॉर्म पर निगरानी भी बढ़ सकती है। खासकर उन देशों में जहां ऑनलाइन दांव या क्रिप्टो से जुड़े नियम अभी स्पष्ट नहीं हैं। हाल के महीनों में कई देशों ने Polymarket और अन्य प्रेडिक्शन प्लेटफॉर्म की गतिविधियों की समीक्षा भी शुरू की है।

इसके बावजूद उद्योग से जुड़े लोगों का मानना है कि यदि स्पष्ट नियम बनाए जाते हैं, तो यह क्षेत्र और तेजी से विकसित हो सकता है।

आगे क्या हैं संभावनाएं?

विश्लेषकों का अनुमान है कि विश्व कप समाप्त होने तक प्रेडिक्शन मार्केट में कारोबार और बढ़ सकता है। बड़े मुकाबलों, नॉकआउट चरण और फाइनल से पहले उपयोगकर्ताओं की भागीदारी में और तेजी आने की संभावना जताई जा रही है।

हालांकि सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या यह तेजी विश्व कप के बाद भी बनी रहेगी। कुछ विशेषज्ञों का मानना है कि यदि खेल प्रतियोगिता खत्म होने के बाद भी उपयोगकर्ता सक्रिय रहते हैं, तो प्रेडिक्शन मार्केट एक स्थायी डिजिटल वित्तीय क्षेत्र के रूप में उभर सकता है। वहीं अन्य विशेषज्ञों का कहना है कि कारोबार का बड़ा हिस्सा फिलहाल विश्व कप से जुड़ा हुआ है और टूर्नामेंट समाप्त होने के बाद इसमें कमी आ सकती है।

फिलहाल इतना तय है कि FIFA विश्व कप 2026 ने प्रेडिक्शन मार्केट को नई गति दी है। रिकॉर्ड कारोबार, नए उपयोगकर्ताओं की बढ़ती संख्या और ब्लॉकचेन आधारित मंचों की लोकप्रियता यह दिखाती है कि खेल और डिजिटल वित्त का मेल तेजी से मजबूत होता जा रहा है।

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