
Trump के बयान से HYPE में 20% उछाल, अमेरिका में Hyperliquid की एंट्री की उम्मीद बढ़ी
Trump के बयान के बाद Hyperliquid के HYPE टोकन में 20% से ज्यादा तेजी आई। जानिए अमेरिका में प्रवेश की संभावित योजना और इसका HYPE पर असर।

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के एक बयान के बाद Hyperliquid के मूल टोकन HYPE में अचानक तेज तेजी देखने को मिली। ट्रंप ने कहा कि अमेरिकी कमोडिटी वायदा कारोबार आयोग यानी CFTC, Hyperliquid को अमेरिका में कानूनी और नियामकीय ढांचे के तहत उपलब्ध कराने के रास्ते पर काम कर रहा है। इस बयान के बाद HYPE की कीमत कुछ ही घंटों में तेजी से बढ़ी और बाजार में इसे लेकर उत्साह लौट आया।
ट्रंप के बयान से पहले HYPE करीब 62 डॉलर के आसपास कारोबार कर रहा था। इसके बाद कीमत बढ़कर 72 डॉलर से ऊपर पहुंच गई। बाद में इसमें कुछ नरमी आई, लेकिन 24 घंटे के आधार पर टोकन करीब 20 प्रतिशत की बढ़त में बना रहा। इस दौरान HYPE में करीब 1.4 अरब डॉलर का कारोबार हुआ।
हालांकि इस खबर को अमेरिका में Hyperliquid की आधिकारिक मंजूरी नहीं माना जा सकता। CFTC या Hyperliquid की ओर से अभी तक ऐसा कोई औपचारिक प्रस्ताव या समयसीमा सामने नहीं आई है, जिससे यह स्पष्ट हो कि अमेरिकी उपयोगकर्ताओं के लिए मंच कब उपलब्ध होगा।
ट्रंप ने क्या कहा और क्यों बढ़ी उम्मीद?
ट्रंप ने व्हाइट हाउस में क्रिप्टो उद्योग से जुड़े लोगों के साथ बैठक के दौरान Hyperliquid का जिक्र किया। उन्होंने CFTC अध्यक्ष माइकल सेलिग का हवाला देते हुए कहा कि वह Hyperliquid को अमेरिका में पूरी तरह कानूनी और नियमों के अनुरूप लाने के लिए काम कर रहे हैं।
यह बयान इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि Hyperliquid फिलहाल दुनिया के सबसे बड़े विकेंद्रीकृत वायदा कारोबार मंचों में शामिल है। इसका मुख्य कारोबार क्रिप्टो परिसंपत्तियों से जुड़े स्थायी वायदा अनुबंधों में होता है। पिछले 30 दिनों में मंच पर करीब 201 अरब डॉलर का कारोबार दर्ज हुआ है और यह इस क्षेत्र के कुल कारोबार का लगभग 40 प्रतिशत हिस्सा रखता है।
अमेरिका में नियामकीय पहुंच मिलने से Hyperliquid के लिए संस्थागत और खुदरा उपयोगकर्ताओं का आधार काफी बढ़ सकता है। यही उम्मीद HYPE की कीमत में अचानक आई तेजी की प्रमुख वजह बनी।
HYPE के लिए पहले से तैयार हो रहा था रास्ता
दिलचस्प बात यह है कि अमेरिकी बाजार में HYPE से जुड़े उत्पादों की दिशा में काम पहले ही शुरू हो चुका था। Coinbase Derivatives ने मई में CFTC के सामने HYPE वायदा अनुबंधों को सूचीबद्ध करने के लिए स्व-प्रमाणन दाखिल किया था।
दस्तावेजों के अनुसार, HYPE से जुड़े डॉलर आधारित वायदा अनुबंधों के लिए जून से कारोबार शुरू करने का प्रस्ताव रखा गया था। इसके अलावा HYPE से जुड़े स्थायी वायदा उत्पाद के लिए भी अलग फाइलिंग की गई थी। इन उत्पादों में वास्तविक HYPE टोकन की सीधी खरीद के बजाय उसके मूल्य से जुड़े वायदा अनुबंधों में कारोबार की सुविधा मिलती है।
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इससे संकेत मिलता है कि अमेरिकी बाजार में HYPE तक नियामकीय पहुंच का एक व्यावहारिक रास्ता पहले से विकसित हो रहा है। हालांकि इसे Hyperliquid के मुख्य मंच को अमेरिका में सीधे उपलब्ध कराने की मंजूरी नहीं माना जा सकता।
HYPE के साथ Hyperliquid से जुड़े शेयर भी चढ़े
Trump के बयान का असर केवल HYPE टोकन तक सीमित नहीं रहा। Hyperliquid Strategies नाम की Nasdaq सूचीबद्ध कंपनी के शेयरों में भी तेज उछाल आया। कंपनी का कारोबार HYPE टोकन कोष से जुड़ा है, हालांकि उसने स्पष्ट किया है कि उसका Hyperliquid प्रोटोकॉल के साथ कोई प्रत्यक्ष संबंध नहीं है।
कंपनी के शेयर बुधवार को करीब 30 प्रतिशत चढ़कर 9.39 डॉलर पर बंद हुए। इसके अलावा HYPE से जुड़े अमेरिकी बाजार के अन्य निवेश उत्पादों में भी दिलचस्पी बढ़ी। इससे पता चलता है कि निवेशक केवल टोकन की कीमत पर नहीं, बल्कि Hyperliquid के संभावित अमेरिकी विस्तार को एक बड़े कारोबारी अवसर के रूप में देख रहे हैं।
हालांकि इसी दौरान एक असामान्य विकल्प कारोबार ने भी बाजार का ध्यान खींचा। रिपोर्ट के अनुसार, Trump के बयान से करीब चार घंटे पहले एक निवेशक ने Hyperliquid Strategies से जुड़े 719 कॉल विकल्पों पर लगभग 65,000 डॉलर खर्च किए थे। बाद में इन विकल्पों का मूल्य तेजी से बढ़ा। सार्वजनिक आंकड़े इस कारोबार की पुष्टि करते हैं, लेकिन खरीदार की पहचान या यह साबित नहीं होता कि सौदा किसी अंदरूनी जानकारी पर आधारित था।
आगे HYPE के लिए क्या मायने हैं?
Hyperliquid के लिए अमेरिकी बाजार में प्रवेश एक बड़ा अवसर हो सकता है, लेकिन इसके सामने नियामकीय चुनौतियां भी कम नहीं हैं। अमेरिकी बाजार में डेरिवेटिव कारोबार के लिए कड़े नियम लागू होते हैं और किसी भी नई सेवा को संबंधित नियामकीय मानकों का पालन करना होगा।
इसलिए Trump का बयान HYPE के लिए सकारात्मक संकेत जरूर है, लेकिन इसे अंतिम मंजूरी नहीं माना जा सकता। यदि CFTC और अन्य अमेरिकी नियामक Hyperliquid के लिए स्पष्ट रास्ता तैयार करते हैं, तो मंच को बड़ी नई उपयोगकर्ता संख्या, अधिक कारोबार और संस्थागत पूंजी मिल सकती है।
फिलहाल बाजार की नजर इस बात पर है कि Trump के बयान के बाद क्या कोई औपचारिक नियामकीय कदम सामने आता है। यदि ऐसा होता है, तो HYPE की हालिया तेजी केवल खबर आधारित उछाल न रहकर Hyperliquid के विकास के अगले चरण की शुरुआत बन सकती है। वहीं यदि नियामकीय प्रक्रिया लंबी खिंचती है, तो मौजूदा तेजी में कुछ मुनाफावसूली भी देखने को मिल सकती है।
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