अमेरिका में क्रिप्टो से जुड़ी धोखाधड़ी के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। हाल ही में जारी रिपोर्ट के अनुसार, 2025 में अमेरिकियों ने क्रिप्टो स्कैम के चलते $11Bn से अधिक गंवा दिए। यह आंकड़ा पिछले साल के मुकाबले करीब 20% से ज्यादा वृद्धि को दर्शाता है।
यह डेटा बताता है कि डिजिटल एसेट्स की लोकप्रियता के साथ-साथ साइबर अपराध भी तेजी से बढ़ रहे हैं। रिपोर्ट में यह भी सामने आया कि क्रिप्टो अब ऑनलाइन धोखाधड़ी के सबसे बड़े माध्यमों में से एक बन चुका है।
निवेश के नाम पर सबसे ज्यादा ठगी
विशेषज्ञों के अनुसार, सबसे ज्यादा नुकसान तथाकथित निवेश योजनाओं के जरिए हुआ। इन स्कैम में लोगों को ज्यादा रिटर्न का लालच दिया जाता है और फिर उनसे बड़ी रकम निवेश करवाई जाती है।
कई मामलों में ठग नकली प्लेटफॉर्म या ऐप बनाकर लोगों को यह दिखाते हैं कि उनका पैसा बढ़ रहा है। लेकिन जब निवेशक पैसा निकालने की कोशिश करते हैं, तो उन्हें पता चलता है कि पूरा सिस्टम फर्जी था।
रिपोर्ट में यह भी बताया गया कि “पिग बुचेरिंग” जैसे स्कैम तेजी से बढ़ रहे हैं। इसमें ठग पहले भरोसा बनाते हैं और फिर धीरे-धीरे बड़ी रकम ठग लेते हैं।
बुजुर्ग सबसे ज्यादा निशाने पर
डेटा के अनुसार, 60 वर्ष से अधिक उम्र के लोगों को सबसे ज्यादा नुकसान हुआ है। इस वर्ग के लोगों ने अरबों डॉलर की रकम गंवाई, जो पिछले साल के मुकाबले काफी अधिक है।
विशेषज्ञों का कहना है कि बुजुर्गों को अक्सर तकनीक की सीमित समझ होती है, जिसका फायदा ठग उठाते हैं। वे फोन कॉल, मैसेज या सोशल मीडिया के जरिए संपर्क कर भरोसा जीतते हैं और फिर निवेश के नाम पर पैसे निकलवा लेते हैं।
इसके अलावा, कई मामलों में लोग शर्म या डर के कारण शिकायत भी नहीं करते, जिससे वास्तविक नुकसान और ज्यादा हो सकता है।
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नई तकनीक से और खतरनाक हो रहे स्कैम
रिपोर्ट में यह भी चेतावनी दी गई है कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और डीपफेक तकनीक के कारण स्कैम और ज्यादा खतरनाक होते जा रहे हैं। अब ठग नकली वीडियो, आवाज और पहचान बनाकर लोगों को आसानी से धोखा दे सकते हैं।
एक अन्य अनुमान के अनुसार, 2025 में क्रिप्टो से जुड़े कुल स्कैम और धोखाधड़ी का आंकड़ा $17Bn तक पहुंच सकता है, जो इस समस्या की गंभीरता को दिखाता है।
सरकार और एजेंसियां क्या कर रही हैं
अमेरिकी एजेंसियां अब इस बढ़ते खतरे को लेकर सतर्क हो गई हैं। जांच एजेंसियां टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल कर ऐसे नेटवर्क का पता लगाने और उन्हें खत्म करने की कोशिश कर रही हैं।
हालांकि, विशेषज्ञ मानते हैं कि केवल कानून से इस समस्या को पूरी तरह खत्म नहीं किया जा सकता। इसके लिए आम लोगों में जागरूकता बढ़ाना भी जरूरी है।
लोगों को सलाह दी जा रही है कि किसी भी निवेश से पहले पूरी जानकारी लें, अनजान लिंक या ऐप से बचें और किसी भी तरह के ज्यादा रिटर्न के वादे पर भरोसा न करें।
क्या है निवेशकों के लिए सीख
इस पूरे घटनाक्रम से साफ है कि क्रिप्टो बाजार में अवसर के साथ जोखिम भी बहुत बड़ा है। खासकर नए निवेशकों को ज्यादा सतर्क रहने की जरूरत है।
अगर कोई ऑफर बहुत अच्छा लग रहा है, तो उसके फर्जी होने की संभावना भी उतनी ही ज्यादा होती है। इसलिए समझदारी और सावधानी ही सबसे बड़ा बचाव है।
कुल मिलाकर, यह रिपोर्ट एक चेतावनी है कि डिजिटल निवेश के इस दौर में सुरक्षा और जागरूकता को नजरअंदाज करना भारी नुकसान का कारण बन सकता है।
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